ग्रीन टी पीने में की जाने वाली ये गलतियां बिगाड़ सकती हैं सेहत! जानें एक्सपर्ट्स द्वारा सुझाया सही तरीका

ग्रीन टी (Green Tea) आजकल हेल्थ और फिटनेस के शौकीनों की पहली पसंद बन चुकी है। वजन घटाने से लेकर दिल को स्वस्थ रखने तक, इसके फायदों की लंबी लिस्ट है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि ग्रीन टी का गलत तरीके से सेवन आपकी सेहत को फायदा पहुंचाने के बजाय नुकसान भी पहुंचा सकता है? एक्सपर्ट्स का मानना है कि ग्रीन टी तभी फायदेमंद है, जब इसे सही तरीके और सीमित मात्रा में लिया जाए।

ग्रीन टी का इतिहास और महत्व

ग्रीन टी को वैज्ञानिक नाम कैमेलिया साइनेंसिस (Camellia Sinensis) से जाना जाता है। प्राचीन भारत और तिब्बत के बौद्ध संन्यासी लंबे सफर के दौरान थकान दूर करने और ऊर्जा बनाए रखने के लिए ग्रीन टी का सेवन करते थे।
हालांकि आयुर्वेद में सैकड़ों जड़ी-बूटियों का वर्णन है, लेकिन ग्रीन टी पर विशेष रूप से कम ध्यान दिया गया। आज हमारे पास इसके औषधीय गुणों से संबंधित पर्याप्त वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध हैं।

ग्रीन टी क्यों है खास?

ग्रीन टी एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर होती है, जो शरीर में बनने वाले हानिकारक फ्री रेडिकल्स को खत्म करती है। यह केवल शरीर को डिटॉक्स करने में मदद नहीं करती, बल्कि कई बीमारियों से बचाव का भी काम करती है।

पारंपरिक चिकित्सा में इसके उपयोग

  • मूड बूस्टर (Mood Stimulator)
  • पाचन सुधारने वाला (Digestive Aid)
  • मूत्रवर्धक (Diuretic)
  • वायरस रोधी (Antiviral)

ग्रीन टी शरीर में बाहरी या आंतरिक कारणों से जमा हुए टॉक्सिन्स को भी खत्म करने में मदद करती है।

ग्रीन टी के फायदे (Health Benefits of Green Tea)

  1. दिल को रखे स्वस्थ – ग्रीन टी धमनियों में जमी चर्बी और अवरोध को कम करती है, जिससे हृदय रोग का खतरा घटता है।
  2. ब्लड शुगर कंट्रोल – यह डायबिटीज़ के मरीजों के लिए भी फायदेमंद मानी जाती है।
  3. वजन घटाने में मददगार – नियमित सेवन से मेटाबॉलिज्म तेज होता है और फैट बर्निंग में मदद मिलती है।
  4. कैंसर रिस्क कम करे – इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स कई प्रकार के कैंसर की आशंका को घटाते हैं।
  5. पाचन में सुधार – बड़ी आंत की सूजन और एल्कोहल के हानिकारक प्रभावों से बचाव करती है।
  6. इम्यूनिटी बूस्टर – यह रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत बनाती है।

ग्रीन टी पीने का सही तरीका (Right Way to Drink Green Tea)

  • दिन में 1 से 3 कप ग्रीन टी पर्याप्त है।
  • 2 से 4 ग्राम ग्रीन टी या 1 टी बैग को 1–2 मिनट तक गर्म पानी में डुबोकर पिएं।
  • इसे दूध और शक्कर मिलाकर भी लिया जा सकता है, लेकिन शुद्ध रूप में अधिक फायदेमंद है।
  • स्वाद और फायदे बढ़ाने के लिए इसमें अदरक, दालचीनी, इलायची या तुलसी के पत्ते डाले जा सकते हैं।
  • ग्रीन टी को ज्यादा देर तक काढ़ा न करें, वरना इसमें मौजूद पोषक तत्व नष्ट हो सकते हैं।

ग्रीन टी से जुड़े नुकसान (Side Effects of Green Tea)

ज्यादा मात्रा में ग्रीन टी पीना सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है।

  • एसिडिटी और गैस की समस्या
  • नींद में बाधा और बेचैनी
  • दिल की धड़कन तेज होना
  • भूख कम लगना और मितली आना
  • दवाओं के साथ रिएक्शन – खासकर ब्लड प्रेशर की दवाइयां, एंटीबायोटिक्स और डिप्रेशन की दवाओं के साथ इसका विपरीत असर हो सकता है।

👉 इसलिए ग्रीन टी का सेवन शुरू करने से पहले या नियमित रूप से ज्यादा मात्रा में लेने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें।

निष्कर्ष

ग्रीन टी एक नेचुरल हेल्थ ड्रिंक है जो शरीर को डिटॉक्स करने, मेटाबॉलिज्म बढ़ाने और कई बीमारियों से बचाव में मदद करती है। लेकिन अगर इसे ज्यादा मात्रा में या गलत तरीके से लिया जाए तो यह फायदेमंद के बजाय नुकसानदेह साबित हो सकती है। सही मात्रा, सही समय और सही तरीके से ग्रीन टी का सेवन करना ही आपको इसके असली लाभ दिला सकता है।

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